
खास बातें
Bihar News अनुसूचित जाति और जनजाति आरक्षण में क्रीमी लेयर को लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ देशभर के विभिन्न संगठनों ने आज भारत बंद का आह्वान किया है। बिहार के सभी 38 जिलों में कहां बंद का कैसा असर है, यहां देखते
गया में भी भारत बंद का असर दिखा
गया शहर में भी विभिन्न संगठनों ने जमकर प्रदर्शन किया. इस दौरान अपनी मांगों के समर्थन में लोगों ने जोरदार नारेबाजी की। हालांकि विधि व्यवस्था को लेकर प्रदर्शन करने वालों को देखते हुए शहर के विभिन्न चौक चौराहों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे। वहीं प्रदर्शन कर रहे लोगों के साथ पुलिस बल भी साथ-साथ चल रहे थे। वहीं प्रदर्शन में शामिल राजद विधायक सतीश कुमार दास ने कहा कि कोर्ट के द्वारा आरक्षण का वर्गीकरण किया जा रहा है। यह कहीं से सही नहीं है।
रक्सौल-दरभंगा रेलखंड पर जमा हो गए
भारत बंद को लेकर विभिन्न संगठन के कार्यकर्ताओं ने रक्सौल-दरभंगा रेलखंड पर जमा हो गए। इसके बाद घोड़ासहन रेलवे स्टेशन पर पंहुच गए। यहां बंद समर्थकों ने 05218 रक्सौल-दरभंगा सवारी गाड़ी को करीब 20 मिनट तक रोक कर प्रदर्शन किया। इस दौरान ट्रेन में सफर कर रहे यात्री काफी परेशान रहे। बाद में रेल प्रशासन व पुलिस के समझाने के बाद बंद समर्थक वहां से हटे और ट्रेन खुल सकी।
मोतिहारी में शोरूम के कर्मचारी को बेरहमी से पीटा
पूर्वी चम्पारण के घोड़ासाहन में बंद समर्थकों ने बाइक शोरूम में घुसकर कर्मचारियों के साथ मारपीट की। जबरन दुकान तो बंद करवाया ही साथ ही कर्मचारियेां को भी घायल कर रिया। बताया जा रहा है कि बंद समर्थक दुकानों को जबरन बंद समर्थक बाइक शो रूम को बंद कराने का प्रयास करने लगे। इस दौरान शो रूम के कर्मचारी से बकझक होने लगी। बाद में बंद समर्थक उग्र हो गए और उक्त शो रूम में घुस कर उसके स्टाफ के साथ मार पीट करने लगे। बाद में इसी में अन्य लोगों के द्वारा स्थिति को नियंत्रित किया गया।
सीवान में भी भारत बंद का असर
सीवान में भारत बंद का मिलाजुला असर देखने को मिला। बंद को सफल बनाने के लिए भीम आर्मी, सीपीआईएमएल के सदस्य सड़क पर उतर गए और सभी चौक चौराहों को जाम कर दिया गया। यहां तक की बाइक, ऑटो, बस, सभी को पूरी तरह से जो जहां थे, वहीं खड़ा कर दिया गया। विधायक अमरजीत कुशवाहा ने कहा कि संविधान का संशोधन करना चाहिए। संविधान में छेड़छाड़ और आरक्षण में छेड़छाड़
सासाराम में भी बंद का असर
भारत बंद को लेकर रोहतास के सासाराम में बहुजन समाज पार्टी तथा भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने उग्र प्रदर्शन किया एवं पोस्ट ऑफिस चौराहा को पूरी तरह से जाम कर दिया। लगभग दो घंटे तक पोस्ट ऑफिस चौराहा पूरी तरह से जाम है। जिससे यातायात पूरी तरह से ठप हो गया है। सड़क को बांस, बल्ला तथा रस्सी से घेर दिया गया है एवं परिवहन को रोक दिया गया है। इन कार्यकर्ताओं का कहना है कि आरक्षण के नाम पर कभी संसद तो कभी सुप्रीम कोर्ट तरह-तरह के फरमान जारी कर रही है। ऐसे में बाबा साहब अंबेडकर के बनाए संविधान पर खतरा नजर आ रहा है। समय-समय पर आरक्षण पर सवाल उठाए जा रहे हैं। इसके खिलाफ यह लोग सड़क पर उतरे हैं। वह लोग मांग करते हैं कि सुप्रीम कोर्ट में लिया गया निर्णय के खिलाफ संसद में सरकार अध्यादेश ले तथा बहुजन समाज के हित में फैसला सुरक्षित करें।
जो हमसे टकराएगा चूर-चूर हो जाएगा
पटना में प्रदर्शनकारियों ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि जो हमसे टकराएगा चूर-चूर हो जाएगा। पुलिस प्रशासन हाय-हाय गुंडागर्दी नहीं चलेगी। इनका कहना है कि हम अपना अधिकार मांगते हैं। उनका कहना है कि डाकला चौराहा पर हम लोग खड़े हैं और हमें लोकतंत्र तरीके से अपना विरोध जाता रहे हैं। पुलिस प्रशासन हमेशा करने से रोक रही है। बंद समर्थक लगातार बैरियर को तोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। बंद समर्थकों को रोकने के लिए डाक बंगला चौराहा पर भारी संख्या में पुलिस बल सहित कई अधिकारी भी तैनात हैं। डाक बंगला चौराहा से आने जाने वाले रास्ते बंद हैं। बीएसपी के समर्थक सुप्रीम कोर्ट होश में आओ का नारा लगा रहे हैं। पटना पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे कुंदन पासवान, अमर आज़ाद पासवान, गौतम पासवान, मंटू पासवान, सोनू पासवान, सुधीर रजक को हिरासत में लिया है।
संपर्क क्रांति ट्रेन को रोक दिया और हंगामा कर रहे हैं
मधुबनी में दलित संगठनों ने बुधवार को जगह-जगह जमकर प्रदर्शन किया। सड़कों पर कई संगठनों के नेताओं को पोस्टर बैनर लिए विरोध करते देखा जा रहा है। कई जगह आगजनी तो कई जगह यातायात बाधित होने की खबर सामने आ रही है। देशव्यापी आंदोलन के तहत दलित संगठनों ने बुधवार को मधुबनी जंक्शन के प्लेटफार्म संख्या एक पर ट्रैन को रोककर घंटो आंदोलनकारी ने इंजन के सामने खड़ा होकर प्रदर्शन किया। इधर, आरा, दरभंगा ट्रेन रोक दी गई है।
