
गोरखपुर में रामगढ़ताल में रविवार रात करीब 8:30 बजे दो बोटों की टक्कर में एक पर्यटक चोटिल होकर पानी में गिर गया जबकि चार साल का मासूम, एक अन्य युवक और बोट चालक घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां पानी में गिरे युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
गोरखपुर में रविवार की छुट्टी परिवार के लिए खुशियां लेकर आने वाली थीं लेकिन रामगढ़ताल में हुए हादसे ने पलभर में मुस्कान छीन ली। सुबह से ही परिवार ने नौका विहार घूमने का कार्यक्रम बनाया था। दिनभर की तैयारियों के बाद शाम को सभी ऑटो से गोरखपुर पहुंचे। किसी ने नहीं सोचा था कि यह लखमुद्दीन के जीवन का आखिरी सफर बन जाएगा।
कुशीनगर जिले के अजीजनगर निवासी कयामुद्दीन के साथ पत्नी रुख्साना खातून, बेटी नूरसभा, गुलसभा, सनाया, बेटा आमिर हमजा, मौसेरा भाई सलाउद्दीन, लखमुद्दीन और उसके दो दोस्त आए थे। कयामुद्दीन ने बताया कि लखमुद्दीन इंटर का छात्र था और आगे आईटीआई में दाखिला लेने की तैयारी कर रहा था। परिवार को उससे काफी उम्मीदें थीं। घरवालों का कहना है कि पढ़ाई पूरी कर वह जल्द ही अपने पैरों पर खड़ा होना चाहता था।
हादसे के बाद जब लखमुद्दीन को जिला अस्पताल ले जाने पर मृत घोषित किया गया तो वहां चीख-पुकार मच गई। कुछ देर पहले तक साथ घूम रहे लोग सदमे में थे। परिवार के सदस्य एक-दूसरे को संभालने की कोशिश करते रहे। घटना की सूचना मिलते ही कुशीनगर स्थित घर में भी मातम पसर गया। परिवार के अन्य सदस्य रात में ही गोरखपुर के लिए रवाना हो गए।
स्पीड बोट से करते हैं स्टंटबाजी…रील के लिए दिखाते हैं करतब
रामगढ़ताल में स्पीड बोट से स्टंटबाजी का खेल लंबे समय से चल रहा है। सोशल मीडिया पर लाइक्स और व्यूज बटोरने के लिए कुछ बोट चालक तेज रफ्तार में बोट दौड़ाते हुए करतब करते हैं और उनकी रीलें अक्सर वायरल होती रहती हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार स्पीड बोट चालक एक-दूसरे से आगे निकलने की होड़ में तेज गति से बोट चलाते हैं। कई वीडियो में बोट को अचानक मोड़ते, लहरें बनाते और बेहद करीब से दूसरी बोट के पास ले जाते हुए देखा जा सकता है। इससे दूसरी नौकाओं में बैठे पर्यटक दहशत में आ जाते हैं।
रामगढ़ताल में रोजाना बड़ी संख्या में परिवार और बच्चे नौका विहार के लिए पहुंचते हैं। रविवार को स्पीड बोट की लापरवाही बड़े हादसे का कारण बनी। पर्यटक रविंद्र प्रताप का कहना था कि बोट चालकों की नियमित निगरानी, गति सीमा तय करने और सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने की जरूरत हैए ताकि पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
जीडीए ने बनाई कमेटी, निरस्त होगा बोट का लाइसेंस
हादसे के बाद गोरखपुर विकास प्राधिकरण ने प्रशासन के बाद खुद भी जांच कराने का निर्णय लिया है। उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है। जीडीए के ओएसडी प्रखर उत्तम इसकी अध्यक्षता करेंगे। इसके साथ ही इंजीनियरिंग और संपत्ति विभाग के अधिकारी शामिल हैं। उपाध्यक्ष ने बताया कि यह कमेटी तीन दिन में रिपोर्ट सौंपेगी। इसके बाद जो भी जिम्मेदार होगा उसका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
सूर्यास्त के बाद बोटिंग बंद
उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने बताया कि हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया जा रहा है। अब सूर्यास्त के बाद रामगढ़ताल में किसी भी तरह की बोटिंग की अनुमति नहीं दी जाएगी। पर्यटकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
दूसरी बोट पर सवार थे चार लोग
जिस स्पीड बोट से यह हादसा हुआ उस पर चालक के अलावा चार लोग सवार थे। हादसे के बाद चालक मौके से भाग गया था। वहीं, इस पर सवार सभी लोग सुरक्षित हैं। वे नौका विहार से ही घर लौट गए।
रामगढ़ताल में दो बोटों की टक्कर, पर्यटक की मौत, मासूम समेत तीन घायल
गोरखपुर में रामगढ़ताल में रविवार रात करीब 8:30 बजे दो बोटों की टक्कर में एक पर्यटक चोटिल होकर पानी में गिर गया जबकि चार साल का मासूम, एक अन्य युवक और बोट चालक घायल हो गए। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां पानी में गिरे युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
उधर, डीएम ने घटना की जांच के निर्देश दिए हैं। एसपी सिटी निमिष पाटील ने बताया कि देर रात मृतक भाई सलाउद्दीन की तहरीर पर दोनों बोट चालकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और एक चालक हिरासत में ले लिया गया है।
मृतक की पहचान कुशीनगर जिले के कप्तानगंज थाना क्षेत्र के मोतीचक इलाके के अजीजनगर निवासी लखमुद्दीन (20) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, गांव के कयामुद्दीन अंसारी (29) परिवार के साथ नौका विहार घूमने आए थे। रविवार रात करीब आठ बजे परिवार के 10 सदस्य ऑटो से नौका विहार पहुंचे। इसमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे। इनमें से सात लोग एक बोट पर सवार हुए जबकि उसी बोट पर तीन अन्य पर्यटक भी मौजूद थे।
कयामुद्दीन ने बताया कि सभी ने लाइफ जैकेट पहन रखी थी। ताल का चक्कर लगाकर उनकी बोट प्लेटफॉर्म नंबर पांच की ओर लौट रही थी। इसी दौरान प्लेटफॉर्म नंबर चार की ओर से आ रही एक स्पीड बोट ने उनकी बोट में टक्कर मार दी। टक्कर के झटके से उनके मौसेरे भाई लखमुद्दीन पानी में गिर गए। शोर मचाने पर दूसरी बोट से पहुंचे लोगों ने उन्हें बाहर निकाला और सभी घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टरों ने लखमुद्दीन को मृत घोषित कर दिया। उसके सिर पर चोट लगी थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। हादसे में कयामुद्दीन के कंधे, उनके बेटे हमजा के सिर और बोट चालक अभिषेक साहनी के कंधे में चोटें आई हैं। सूचना मिलते ही कमिश्नर अनिल ढींगरा, डीआईजी डॉ. एस चन्नप्पा, डीएम दीपक मीणा, जीडीए उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल और एसपी सिटी निमिष पाटिल मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और जिला अस्पताल जाकर घायलों का हालचाल जाना।
