
शाहजहांपुर में होली पर चौक कोतवाली से बड़े लाट साहब और आरसी मिशन क्षेत्र से छोटे लाट साहब का जुलूस निकाला जाता है। यह परंपरा 300 साल से अधिक पुरानी है। इस जुलूस के दौरान शहरभर में कड़ी सुरक्षा रहती है।
शाहजहांपुर में चौक से निकलने वाले जुलूस में शामिल होने के लिए बड़े लाट साहब की रामपुर से आमद हो गई है। अधिकारियों के कहने पर उनका मेडिकल कराने के बाद आयोजक खातिरदारी में जुट गए हैं। पुलिस ने लाट साहब के जुलूस के रास्ते के घरों की छतों से ईंट-पत्थर और गमले हटवा दिए हैं।
300 साल पुरानी है परंपरा
होली पर लाट साहब का जुलूस निकालने और नवाबों के साथ होली खेलने की परंपरा की कोई निश्चित तिथि तो इतिहास में दर्ज नहीं है, लेकिन यह परंपरा करीब 300 साल पुरानी बताई जाती है। परंपरा के तहत एक युवक को लाट साहब बनाकर भैंसागाड़ी पर बैठाया जाता है। जूते-चप्पलों की माला पहनाकर पूरे शहर में उसका जुलूस निकाला जाता है। जुलूस के दौरान कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रहती है।
होली पर बड़े और छोटे लाट साहब के जुलूस पूरी शान से निकाले जाते हैं। त्योहार से 15 दिन पहले ही लाट साहब के जुलूस की तैयारी शुरू हो जाती है। इस बार तीन युवक बड़े लाट साहब बनने के लिए तैयार हुए थे। बृहस्पतिवार को रामपुर से बड़े लाट साहब की आमद हुई। आयोजकों ने स्वास्थ्य परीक्षण कराने के बाद उनकी खातिरदारी शुरू कर दी है।
सात किमी लंबा है जुलूस का रास्ता
चौक से निकलने वाले बड़े लाट साहब के जुलूस का रूट करीब सात किलोमीटर लंबा है। जुलूस कोतवाली व थाना सदर बाजार क्षेत्र से होकर गुजरता है। छोटे लाट साहब का जुलूस सरायकाइयां से शुरू होता है। दोनों ही जुलूसों के रास्ते पर सुरक्षा के कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं। इसके मद्देनजर घरों की छतों की तलाशी ली गई है।
चौकी प्रभारियों ने हर घर पर दस्तक दी। छतों पर ईंट-पत्थर मिलने पर उन्हें हटवा दिया। गमले तक छतों पर रखने की अनुमति नहीं है। धार्मिक स्थलों के आसपास बैरिकेडिंग की जा रही है। सीओ सिटी सौम्या पांडेय ने बताया कि जुलूस के रूट की ड्रोन से निगरानी की जा रही है।
जुलूस में रहेंगी दो भैंसागाड़ी
बड़े लाट साहब को भैंसागाड़ी पर सवार किया जाएगा। पहले उनकी सवारी के पीछे ट्रॉली पर ड्रमों में रंगों का इंतजाम रहता था। आयोजक संजय वर्मा के अनुसार, इस बार ट्रैक्टर-ट्रॉली वाले के अधिक रुपये मांगने की वजह से रंगों के ड्रम रखने के लिए भैंसागाड़ी का इंतजाम किया गया है।
गंगा-जमुनी तहजीब कायम रखें : मंडलायुक्त
मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल, आईजी डॉ. राकेश सिंह व डीएम उमेश प्रताप सिंह ने जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ तहसील सदर के सभागार में लाट साहब के जुलूस को लेकर शांति समिति की बैठक की। आयोजकों समेत एसपीओ ने शांतिपूर्ण माहौल में त्योहार मनाने का आश्वासन दिया।
मंडलायुक्त सौम्या अग्रवाल ने कहा कि गंगा-जमुनी तहजीब कायम रहे। जुलूस की सारी तैयारी पूरी है। आईजी डॉ. राकेश सिंह ने कहा कि इस बार अच्छी तैयारी की गई है। डीएम उमेश प्रताप सिंह ने कहा कि तैयारी नवंबर से ही माइक्रो लेवल पर प्रारंभ कर दी गई थी। उन्होंने आयोजकों से कहा कि पर्याप्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनसे पूरे जुलूस की निगरानी की जाएगी। इसके बाद अफसरों ने रूट मार्च कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
