
झांसी में एक रिटायर्ड रेलकर्मी ने प्रेमिका की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी। इसके बाद शव के टुकड़े किए। टुकड़ों को बक्से में भरकर जला दिया। आठ दिन तक वह जले हुए टुकड़ों को कमरे में रखे रहा। पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत तीन को गिरफ्तार किया है।
उत्तर प्रदेश के झांसी जिले से रविवार को दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई। दो शादियां कर चुके सेवानिवृत्त रेलकर्मी ने अनैतिक संबंध में रह रही तीसरी महिला की ब्लैकमेल से परेशान होकर कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी। उसके शव के कई टुकड़े कर डाले।
इसके बाद लोहे के बड़े बक्से में भरकर शव की जला दिया। आठ दिन तक वह जले हुए टुकड़ों को कमरे में रखे रहा। बाद में दूसरी पत्नी के बेटे के सहयोग से वह शव को ठिकाने लगाने के लिए निकला लेकिन ऑटो चालक के शक होने पर साजिश का पता चला। सीपरी थाना इस मामले में सीपरी थाना पुलिस ने मुख्य आरोपी राम सिंह, उसकी दूसरी पत्नी गीता रायकवार और बेटे नितिन को गिरफ्तार कर लिया है।
पहली पत्नी गीता से अधिक मतलब नहीं रखता राम सिंह
सीपरी बाजार के नंदनपुरा मोहल्ला निवासी राम सिंह परिहार उर्फ बृजभान (64) रेलवे में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी था। उसकी पहली पत्नी गीता परिहार नंदनपुरा में बेटे एवं बहू के साथ रहती है जबकि दूसरी पत्नी गीता रायकवार सैंयर गेट के पास रहती है। पुलिस ने बताया कि राम सिंह पहली पत्नी गीता परिहार से अधिक मतलब नहीं रखता है। कुछ साल पहले तक दूसरी पत्नी गीता रायकवार के साथ रहता था।
प्रीति से हो गए थे से अवैध संबंध
सीपरी बाजार के खाती बाबा निवासी प्रीति (37) पत्नी राजकुमार से अवैध संबंध हो गए थे। प्रीति रेलवे अफसर के घर खाना बनाती थी। अपने से 27 साल छोटी प्रीति की सुंदरता पर रीझकर राम सिंह उस पर पूरी पेंशन लुटाता था। प्रीति जिद करके उससे गहने बनवाती थी।
प्रीति ने ढाई लाख रुपये देने का दबाव बनाया था
पुलिस के अनुसार, रिटायर्ड रेलकर्मी के बेटे नितिन ने पूछताछ में बताया कि प्रीति ने ढाई लाख रुपये देने का दबाव बनाया था। पैसा न मिलने पर दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराने को धमकी दी। इससे राम सिंह परेशान रहने लगा। उसने यह बात दूसरी पत्नी गीता रायकवार को बताई। गीता पहले से प्रीति से जलन रखती थी। उन दोनों ने मिलकर उसकी हत्या करने की साजिश रची।
नीले रंग का ड्रम भी खरीदा
इसी के तहत सीपरी बाजार के ब्रह्मनगर इलाके में जनवरी में राम सिंह ने किराये पर मकान लिया। आठ जनवरी को प्रोति यहां आई। वहां उसने प्रीति की हत्या कर दी। साजिश के तहत राम सिंह ने शव छिपाने के लिए पहले से नीले रंग का ड्रम खरीद रखा था लेकिन भारी वजन होने से प्रीति का शव उसमें नहीं आ सका। इसके बाद वह लोहे का बड़ा बक्सा खरीद लाया।
रास्ते में बदबू आने पर चालक को हुआ था शक
शव के टुकड़ों को बक्से में भरकर जला दिया। हालांकि, कई टुकड़े अधजले रह गए। इनको ठिकाने लगाने के लिए उसने करीब आठ दिन बाद दूसरी पत्नी के बेटे नितिन को घर बुलाया। नितिन चार लोगों को लेकर पहुंचा। ये लोग बक्से समेत सारा सामान लोडर में लादकर सैंयर गेट के पास चिलू वाली गली पहुंचे। रास्ते में ही चालक को शक हो गया।
शरीर के अधजले टुकड़े और कोयला बरामद
इस दौरान मुख्य आरोपी राम सिंह रास्ते से ही भाग निकला। सैंथर गेट पहुंचकर चालक ने पुलिस बुला ली। पुलिस ने बक्से से महिला के शरीर के अधजले टुकड़े एवं कोयला बरामद कर लिया। आरोपी पत्नी और बेटे को पकड़ने के बाद देर शाम राम सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया।
रामसिंह ने कई साल पहले बना ली थी पहली पत्नी से दूरी
आरोपी राम सिंह की पहली शादी गीता परिहार से हुई थी। गीता से उसको एक बेटा शैलेंद्र एवं दो बेटियां हैं। अब सभी की शादी हो चुकी है। शैलेंद्र प्राइवेट काम करता है। परिजनों का कहना है कि गीता रायकवार से प्रेम संबंध होने के बाद उसने पहली पत्नी को छोड़ दिया था। उसकी दूसरी पत्नी गीता रायकवार की पहली शादी उदल रायकवार निवासी नरछा, उरई से हुई थी।
अनबन होने के बाद गीता ने उदल को छोड़ दिया। उसे उदल से एक बेटा है। वह राम सिंह के साथ सैंयर गेट पर रहने लगी। फिर गीता रायकवार को रामसिंह से एक बेटा नितिन हुआ। परिजनों का कहना है कि राम सिंह महिलाओं के मामले में ठीक नहीं था। नौकरी के दौरान भी उस पर छेड़खानी के आरोप लगे थे।
पुलिस की लोकेशन जानने की फेर में जा फंसा
सनसनीखेज वारदात के सामने आने के बाद ही एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने निरीक्षक विनोद मिश्रा समेत कई पुलिस टीमें गठित कर दी थीं। पुलिस टीम आधी रात से ही राम सिंह की तलाश में जुट गई लेकिन उसके बारे में मालूम नहीं चल पा रहा था। सैंयर गेट के पास पुलिस के पहुंचते ही राम सिंह ने अपना मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया। पुलिस ने उसके बेटे नितिन एवं दोनों पत्नियों से पूछताछ शुरू की।
प्रीति के बारे में मालूम चलने पर पुलिस रेलवे क्वार्टर पहुंची, यहां उसके परिजनों ने बताया कि प्रीति करीब छह महीने से यहां नहीं रह रही है। किसी तरह पुलिस को प्रीति के पति राजकुमार का पता चला। उधर, राम सिंह की तलाश में पुलिस ने उसकी बेटियों के ससुराल में भी दबिश दी। वहां भी राम सिंह नहीं मिला। वारदात के कुछ घंटे बाद राम सिंह ने पुलिस की लोकेशन पूछने के लिए दूसरी पत्नी के करीबी आदमी के पास फोन किया।
यह फोन करने के लिए जैसे ही उसने अपने मोबाइल को ऑन किया, वह पुलिस के रडार पर आ गया। कुछ घंटे बाद ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। उधर, आरोपी राम सिंह की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसे ब्रह्मनगर स्थित आवास पर भी ले गई। यहां आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल कई वस्तुओं को बरामद किया है।
प्रीति के पति राजकुमार ने बताया कि वह सात जनवरी से लापता थी। उसकी तहरीर के आधार पर राम सिंह समेत तीन अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। बक्से से बरामद हुए अंश की डीएनए जांच कराई जाएगी
