
इंडिया टुडे ग्रुप के चेयरपर्सन और एडिटर-इन-चीफ अरुण पुरी, वाइस चेयरपर्सन कली पुरी और ग्रुप एडिटोरियल डायरेक्टर (पब्लिशिंग) राज चेंगप्पा से बातचीत में पीएम मोदी ने बीजेपी के इस ट्रेंड के बारे में बताया. पीएम मोदी ने कहा कि यह नया ट्रेंड नहीं है. भारतीय जनता पार्टी ने हाल में जीते हिंदी पट्टी के तीन राज्यों के लिए मुख्यमंत्री पद पर बिल्कुल नए चेहरे चुनकर राजनीतिक पंडितों को चौंका दिया. जब से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केंद्र में सरकार की बागडोर संभाली है, तब से कई राज्यों में ऐसे नए चेहरों को मौका दिया गया है.अब खुद पीएम मोदी ने इसपर खुलकर बात की प्रधानमंत्री निवास पर इंडिया टुडे ग्रुप के चेयरपर्सन और एडिटर-इन-चीफ अरुण पुरी, वाइस चेयरपर्सन कली पुरी और ग्रुप एडिटोरियल डायरेक्टर (पब्लिशिंग) राज चेंगप्पा से बातचीत में पीएम मोदी ने बीजेपी के इस ट्रेंड के बारे में बताया. पीएम मोदी ने कहा कि यह नया ट्रेंड नहीं है. वास्तव में भाजपा के भीतर इस प्रैक्टिस की सबसे बड़ी मिसाल तो मैं हूं. जब मुझे गुजरात का मुख्यमंत्री चुना गया, मुझे पहले का कोई प्रशासनिक अनुभव नहीं था और विधानसभा में चुना तक नहीं गया था. हां, यह नए ट्रेंड की तरह दिखाई दे सकता है, क्योंकि आज दूसरी ज्यादातर पार्टियां परिवारवादी पार्टियां हैं.पीएम मोदी ने परिवारवादी पार्टियों को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि परिवारवादी पार्टियों को यह लोकतांत्रिक मंथन कठिन लगता है. भाजपा में एक ही समय नेतृत्व की… एक ही समय नेतृत्व की कई पीढ़ियों को एक साथ पोषित करने की क्षमता है. भाजपा के अध्यक्षों को देखिए और आप हर कुछ वर्षों में नए चेहरे देखेंगे. हमारी काडर आधारित पार्टी है, जो स्पष्ट मिशन लेकर चलती है. हम सभी ने जमीनी कार्यकर्ता के रूप में शुरुआत की और समर्पण तथा कड़ी मेहनत के बूते ऊपर उठते गए. इसी प्रतिबद्धता के कारण विशेष रूप से युवा भाजपा के साथ मजबूती से जुड़ा महसूस करते हैं.
