
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शुक्रवार को बिठूर, कानपुर स्थित आरोहम् हैप्पीनेस होम में योगा कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस मौके पर आरोहम् के वरिष्ठ सदस्यों के साथ युवाओं ने भी योग आसन किया। आरोहम् हैप्पीनेस होम के मैनेजर एवं योग प्रशिक्षक देवेंद्र सिंह ने योगा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए इसे मानव जीवन का महत्वपूर्ण अंग बताया।

वहीं आरोहम् सदस्य विजयपाल जैन ने कहा कि पहले योग दिवस केवल भारतीय था, भारतीय परम्परा में योग को विशेष दर्जा दिया गया है लेकिन कुछ ही वर्षों पहले इसे अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली और हर साल 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाने लगा।

आरोहम् संस्थापक एवं संरक्षक डॉ. उमेश पालीवाल ने कहा कि इस अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर योग का प्राचीन ज्ञान संपूर्ण विश्व की मानवजाति के शारीरिक कल्याण, मानसिक स्पष्टता और आध्यात्मिक विकास की ओर मार्गदर्शन करे। सभी भारतवासियों को योग की परिवर्तनकारी शक्ति को अवश्य अपनाना चाहिए।
शंकरलाल पालीवाल ने कहा कि वह पिछले 20 वर्षों से योग कर रहे हैं योगासन का काफी फायदा मिला है। मुकेश पालीवाल ने कहा कि योग हमारे जीवन में बहुत जरूरी है। योग से हमारे सभी रोग दूर हो सकते हैं।

अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर योग के जागरण का श्रेय योग गुरू बाबा रामदेव को जाता है। इस मौके पर आरोहम् प्रथम सदस्य डॉ. कृष्णस्वरूप दुबे, आनंद कुमार गुप्ता, अनीता अग्रवाल, साईं रक्षा जायसवाल आदि आरोहम् सदस्यगण मौजूद रहे।
